Prem Ratan Dhan Payo movie song lyrics
बचपन कहाँ

Lyrics

बचपन का वो आंगन कहाँ 
दर्पण बता बचपन कहाँ 

सपनों का वो आंगन कहाँ 
दरपन बता बचपन कहाँ 
सीधा सरल था जीवन जहाँ 
दर्पण बता बचपन कहाँ 

[बचपन का वो आंगन कहाँ 
दर्पण बता बचपन कहाँ ] x २

भाई से यारी 
बहनों से मस्ती 
उड़ती पतंगों जैसा था मन 

जितने थे रिश्ते 
सारे थे मन के 
उनमे न उलझन ना थी जलन 

होती ना थी अनबन जहाँ 
दर्पण बता बचपन कहाँ 
सीधा सरल था जीवन जहाँ 
दर्पण बता बचपन कहाँ 

[सपनों का वो आंगन कहाँ 
दर्पण बता बचपन कहाँ  ] x २ 

खाने की चिंता, सोने की फिक्रें 
होती भी तो, होती थी कम 
खुशियाँ जुड़ी थी खिलोनों से अपनी 
ख़बर ही ना थी क्या होता है ग़म 

पावन थे सब बंधन जहां 
दर्पण बता बचपन कहाँ 
सीधा सरल था जीवन जहाँ 
दर्पण बता बचपन कहाँ 

सपनों का वो आंगन कहाँ 
दर्पण बता बचपन कहाँ 
दर्पण बता बचपन कहाँ